आज हमें पूर्व प्रधानमंत्री पी• वी• #नरसिम्हाराव को जरूर याद करना चाहिए,और उनको अवश्य ही धन्यवाद भी देना चाहिये !
क्योंकि अगर पी• वी• नरसिम्हा राव चाह लेते तो #बाबरी ढाँचा नहीं गिर सकता था !
ये पी• वी• नरसिम्हा राव ही थे जिन्होंने बाबरी ढाँचा गिरने तक अपने को कमरे मैं यह कहकर बन्द कर लिया कि वे पूजा करने जा रहे हैं ! जव नरसिम्हा राव ने यह जान लिया की विवादित बाबरी ढाँचा पूरी तरह ढ़हाया जा चुका है तो लगभग आठ घंटे के बाद पी• वी• नरसिम्हा राव ने कमरा खोला, और वो कमरा खोलते ही बोले आज मेरी पूजा पूरी हो गई !
मैं यहाँ पर एक घटना का जिक्र करने जा रहा हूँ जो इस पूरे घटनाक्रम पर पी•वी• नरसिम्हा राव का नजरिया साफ कर देगा !
#माखनलाल_फोतेदार कांग्रेस के खानदानी निष्ठावान थे ! उनकी निष्ठा पार्टी मैं कम और खानदान में ज्यादा थी ! वे अपने राजनैतिक संस्मरण ‘चिनार लीव्स’ में इस घटना का वर्णन करते हैं-
“मैंने प्रधानमंत्री से फोन पर अनुरोध किया कि वे सुरक्षा बलों से कहें कि फैजाबाद में तैनात वायुसेना के हेलीकॉप्टरों से आँसू गैस के गोले चला कारसेवकों को खदेड़ें !
राव साहब ने कहा, यह मैं कैसे कर सकता हूँ ?
यह राज्य सरकार का काम है !
मैंने उनसे फिर कहा, कम-से-कम एक गुंबद तो बचा लीजिए, ताकि बाद में हम उसे शीशे में रख लोगों को दिखला सकें कि बाबरी मस्जिद बचाने की हमने पूरी कोशिश की ! प्रधानमंत्री चुप रहे और थोड़ी देर बाद बोले, फोतेदार जी ! मैं आपको दोबारा फोन करता हूँ” !
राष्ट्रपति #शंकरदयाल_शर्मा से मुलाकात के कारण फोतेदार मंत्रिमंडल की उस बैठक में 15 मिनट देरी से पहुंचे !
वहां सब चुप थे ! फोतेदार कहते हैं-“सन्नाटा देख मैंने पूछा, ‘सबकी बोली क्यों बंद है?’ माधव राव सिंधिया बोले, आपको नहीं पता, बाबरी मस्जिद गिरा दी गई है ! मैंने सभी मंत्रियों के सामने कहा, ‘राव साहब, इसके लिए सिर्फ आप जिम्मेदार हैं.’ प्रधानमंत्री ने एक भी शब्द नहीं कहा”!
यहाँ यह भी बताना आवश्यक है कि पी•वी• नरसिम्हा राव की इस कार्यवाही से सोनिया एंटोनियो मायनो उर्फ सोनिया गाँधी अत्यंत नाराज हुई इसका खामियाजा नरसिम्हा राव को मृत्योपरांत भी झेलना पड़ा ! सोनिया एंटोनियो मायनो उर्फ सोनिया गाँधी ने पी•वी• नरसिम्हा राव के शव को जनता के दर्शन हेतु कांग्रेस मुख्यालय मैं रखने नहीं दिया जबकी वह प्रधानमंत्री व कांग्रेस अध्यक्ष भी रह चुके थे ! पी•वी• नरसिम्हा राव के शव को लोग कांग्रेस मुख्यालय मैं ना रख पायें इस कारण सोनिया एंटोनियो मायनो उर्फ सोनिया गाँधी ने तालेबंदी करवाकर चाबी अपने घर मैं मंगवा ली ! पी•वी• नरसिम्हा राव के शव को जब उनके घरवाले कांग्रेस मुख्यालय लेकर पहुँचे तब भी सोनिया एंटोनियो मायनो उर्फ सोनिया गाँधी ने शव को कांग्रेस मुख्यालय के भीतर नहीं रखने दिया और पी•वी• नरसिम्हा राव के शव को सड़क पर ही माला चढ़ा कर मात्र रस्म अदायगी की ! सोनिया एंटोनियो मायनो उर्फ सोनिया गाँधी ने खुन्नस इस हद तक निकली की पी•वी• नरसिम्हा राव के पूर्व प्रधानमंत्री होते हुए भी शव का अंतिम संस्कार दिल्ली मैं पूर्व प्रधानमंत्रीयों के लिए बनाये गये स्थल तक मैं नहीं होने दिया और पी•वी• नरसिम्हा राव के शव को जबरन दिल्ली से बाहर करवा दिया !
इसलिये हम सभी हिन्दू भाईयों बहनों को आज पी•वी• नरसिम्हा राव को ससम्मान याद करना चाहिए और नमन करना चाहिए, ये पी•वी• नरसिम्हा राव को बाबरी मस्जिद विध्वंस के लिये किये गये उनके योगदान के लिये सच्ची श्रद्धांजलि होगी !
Comments
Post a Comment