संकल्प हमारा मोदीजी दोबारा

मरणोपरांत एक सेक्युलर हिन्दू आत्मा की चीत्कार;;;

1. मैं दुकान कर के अपने परिवार का पेट पाल रहा था, वो आए मुझे दुकान से बाहर खींच कर चौराहे पर ले गए, मेरा सर धड़ से अलग कर दिया - (केरल)

2. मैं अपनी बहन को छोड़ने जा रहा था, उन्होंने मेरी बहन को छेड़ा, मैंने विरोध किया उन्होंने मेरी गर्दन काट दी, मेरी बहन के साथ जबरदस्ती की (मुज़्ज़फरनगर, उप्र)

3. मैं एक मुस्लिम लड़की से प्यार कर बैठा, उन्होने दिन दहाड़े भरे बाजार मेरा सर कलम कर दिया (दिल्ली)

4. मैं फक्र से अपने देश की आज़ादी का जश्न मना रहा था, उन्होंने मेरे हाँथ में तिरंगा देखा और मेरे टुकड़े टुकड़े कर दिए (कासगंज, उप्र)

5. मैंने उन्हें अपना भाई माना, उनकी हमेशा मदद की, उनके साथ हर दुख सुख बांटा लेकिन वक्त पड़ने पर उन्होंने मेरी मदद नही की, मैंने गंगा जमुनी तहजीब की दुहाई दी, उन्होंने मेरी ही बहू, बेटियों के साथ बलात्कार किया, मेरा घर बार सब लूट लिया, मुझे मार दिया (कश्मीर)

6. मैं कभी किसी झगड़े में नही पड़ा, हर फसाद से दूर रहा, कट्टर हिन्दुओं, संघियों से भी दूरी बनाकर सेक्युलर बना रहा, पढ़ लिख कर डॉक्टर बन गया, मेरी बीवी, मेरा बच्चा ही मेरी दुनिया थी, अचानक वे घर मे घुस आए और मुझे मार दिया (डॉ नारंग, दिल्ली)

7. मैं रोजी रोटी की तलाश में विदेश गया, उन्होंने मेरा देश पूछा मेरा नाम पूछा और मुझे गोलियों से भून दिया और दफना दिया (मोसुल, इराक)

क्योंकि मैं हिन्दू हूँ, जगह अलग अलग, मारने वाले भी अलग अलग किन्तु थे वे सभी शांतिप्रिय धर्म के और मरने वाला हर बार वही हिन्दू, जल्द ही इस दुनिया से खत्म होने वाला सनातनी हिन्दू !

क्योंकि मैं तो सदा बस कमाने में लगा रहा, अपना पेट पालने में लगा रहा और वे मुझे काटते रहे । मुझे अपने व अपने बीवी बच्चों के सिवा कुछ न दिखा, और उन्होंने मुझे व मेरे बच्चों को मार कर मेरी बीवी को sex slave बना लिया । मेरी खून पसीने की मेहनत की कमाई से खरीदे घर पर कब्ज़ा कर लिया । मेरी आत्ममुग्धता ने आज सब कुछ खत्म कर दिया, आज मुझे बचाने कोई नही आया, क्योंकि मैं एक सेक्युलर हिन्दू हूँ ।

काश मैंने स्वार्थ से ऊपर उठ कर देश और धर्म के बारे में सोचा होता, काश मैंने अपना कुछ समय हिंदुत्व, देश और धर्म के लिए दिया होता तो शायद आज मैं ज़िन्दा होता....!!

संकल्प हमारा मोदीजी दोबारा🙏🚩🙏

Comments