ये मोदी का भारत है, यहाँ वीटो पॉवर मांग कर नहीँ लेंगे अपने हथियारों की ताकत के दम पर भारत को वीटो पॉवर 5 देश मिलकर खुद देंगे,
ये मोदी का भारत है,
यहाँ वीटो पॉवर मांग कर नहीँ लेंगे
अपने हथियारों की ताकत के दम पर भारत को वीटो पॉवर 5देश मिलकर खुद देंगे,
ये मोदी जी है,ना वीजा मांगकर लिया,
ना वीटो पॉवर मांग कर लेंगे,
दुनिया इसे खुद आकर वीटो पॉवर देगी,
अमेरिका के बाद भारत जल्द दूसरी महाशक्तिशाली सैन्य ताकत बनने ही वाली है अब मोदीराज में,
इस लेजर बीम
काली 5000
(किलो एम्पियर लीनियर इंजेक्टर )
तकनीक को पूरा करते ही,
पब्लिक डोमेन में मौजूद जानकारी के मुताबिक,
भाभा एटोमिक रिसर्च सेंटर और डीआरडीओ मिलकर 'काली 5000' को बना रहे हैं। फिलहाल, इस टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल अन्य कार्यों में हो रहा है। भविष्य में इस तकनीकि के जरिए अंतरिक्ष में जासूसी भी की जा सकेगी और दुश्मन के संचार और रॉकेट मिसाइल तंत्र को घर बैठे ठप किया जाकेगा।
कांग्रेस का षड्यंत्र देखिये,
😤😤😭😭😤😤
1985में शुरू हुआ DRDOव भाभा एटॉमिक रिसर्च सेंटर का प्रोजेक्ट काली 5000 लेजर बीम तकनीक वाली युद्धक प्रणाली,
उसे इस तरह ठंडे बस्ते में डाल दिया गया,
जैसे ब्रह्मोस मिसाइल प्रोजेक्ट,
जैसे INS विक्रमादित्य सौदा,
जैसे A-SAT सेटेलाइट डिस्ट्रॉय मिसाइल प्रोजेक्ट,
जैसे स्वदेशी फाइटर,हेलीकॉप्टर, टैंक,तोप,आर्टिलरी,साजोसामान के सौदे आदि लगातार कांग्रेस की पाक व चीन समर्थित राजनीतिक शून्य इच्छाशक्ति के कारण रोक दिए गए या पूर्ण रूप से बंद कर दिए गए,
देश ने 1999से2004तक बहुत सी युद्धक प्रोजेक्ट्स की शुरुआत की गई अटल बिहारी वाजपेयी जी के शासनकाल में,
मगर जैसे ही 2004में प्याज व पेट्रोल जैसी तुच्छ वस्तुओं के लिए मूर्ख लालची जनता ने कांग्रेस जैसी गद्दार पार्टी के बहकावे में आकर वाजपेयी जी जैसा कर्मठ देशभक्त प्रधानमंत्री खो दिया,
नतीजन सभी प्रोजेक्ट्स या तो बंद कर दिए,
या फिर उनका फंड रोककर उन प्रोजेक्ट्स को धीमा कर दिया गया,
इस दरमियान देश के बड़े 11परमाणु हथियारों पर काम करने वाले रक्षा वैज्ञानिकों की संदिग्ध परिस्थितियों में हत्या करवा दी गई,
और कई वैज्ञानिकों का अपहरण कर दिया गया,
जिनका कोई अता पता नहीं चलने दिया गया,
इन सब हत्याकांड व अपहरण की साजिशों के कारण देश के मुख्य रक्षा प्रोजेक्ट्स बाधित हो गए,
और देश की सैन्य ताकत को निम्न स्तर पर ला दिया गया,
10साल में कोई बड़ा हथियार सौदा नहीँ किया गया,
औऱ ना ही देश में कोई बड़ा प्रोजेक्ट्स बनाया गया,
फिर 2014में चमत्कार हुआ,
एक दैवीय शक्ति के आशीर्वाद से हिन्दुओ ने एकजुट होकर नरेंद्र मोदी को वोट दे संसद के मंदिर में पहुंचा दिया,
जहां जाते ही कुछेक महीनों में ही आर्थिक स्थिति मजबूत करने के बाद मोदी ने सबसे पहले ब्रह्मोस परमाणु मिसाइल प्रोजेक्ट्स को चालू करवाया,
जो 10साल से बिल्कुल बंद पड़ा था,
क्योकि रूस के राष्ट्रपति ब्लादिमीर पुतिन से कांगियो का गांधीयो का छतीस का आंकड़ा है,
अटलजी के प्रेमी पुतिन ने 10साल में कांग्रेस से कोई डील नहीँ की,
फिर मोदीजी के आते ही ऐडमिरल गोर्श्वकोव भारत लाया गया, जो कि आईएनएस विक्रमादित्य के नाम से भारतीय सेना को सौंपा गया,
ब्रह्मोस सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल का विस्तार करके दुनिया की सबसे तेज सुपरसोनिक मिसाइल बनाई गई,
ध्रुव हेलीकॉप्टर, तेजस लड़ाकू विमान,6स्कॉर्पीन पनडुब्बी,2युद्धपोत,12 डिस्ट्रॉय पोत, अर्जुन टैंक,धनुष तोप, उपग्रह प्रक्षेपण प्रोजेक्ट्स का विस्तार,
A-SAtमिसाइल प्रोजेक्ट, आदि सभी समरिक प्रोजेक्ट्स को युद्ध स्तर पर चालू किया गया,
बहुत बड़ा बजट मोदी ने इन परियोजनाओं पर जारी किया,
नतीजन 3साल में ही बहुत से हथियार बनकर तैयार हो गए,
कई मिसाइल,तोप टैंक के परीक्षण पूरे करके सेना में शामिल कर भी लिये,
इन सबसे अलग एक खुफिया हथियार पर भी मोदीजी ने 2015में काम शुरू करवाया,
जिसकी भनक लगते ही कांग्रेस ने अपने सांसद के मार्फ़त संसद में इस मिशन की जानकारी मांगी गई,
मगर तब के रक्षामंत्री स्व.श्री मनोहर पर्रिकर जी ने इस मिशन की गोपनीयता व भारत के लिए सामरिक महत्व का हवाला देकर इसकी जानकारी देने से मना कर दिया,
नतीजन इस प्रोजेक्ट् की सूचनाएं लीक नहीँ हुई,
कांग्रेस ने खूब कोशिश की,
मगर मोदी के मजबूत रक्षा तन्त्र व खुफिया एजेंसियों की जागरूकता की वजह से कांग्रेस इस प्रोजेक्ट्स में रोड़ा नहीँ अटका सकी,
अंततः ये प्रोजेक्ट अब लगभग पूरी तरह तैयार हो गया है,
जिसका ट्रायल सफल परीक्षण सियाचिन ग्लेशियर के पास कुछ समय पहले किया भी जा चुका है,
बहुत जल्द चुनाव से पहले या चुनावों के बाद किसी समय देश को मोदीजी लाइव आकर इस महाशक्तिशाली हथियार की घोषणा करेंगे,
जिसकी घोषणा होने के बाद भारत अमेरिका के बाद दुसरी महाशक्तिशाली ताकत बन जायेगा,
जिसके पास ये युद्धक प्रणाली होगी,
अभी सिर्फ अमेरिका के पास ये लेजर बीम युद्धक प्रणाली है,
मगर भारत में बनाई जा रही प्रणाली अमेरिका से ज्यादा ताकतवर होगी,
इस प्रोजेक्ट से दुनियाभर में भारत दूसरा सबसे बड़ा पॉवर बन जायेगा,
फिर चीन को युद्ध में कुछ ही घण्टों में घुटने टेकने पर मजबूर करने वाली तकनीक से भारत युद्ध में उतरेगा,
प्रोजेक्ट बहुत गोपनीय रखा गया है,
इसलिए इसकी ज्यादा जानकारी सार्वजनिक नहीँ की जा सकती,
जितनी जानकारी खुद रक्षा विभाग लय इंटरनेट के माध्यमों पर उपलब्ध है,
उसी को एकत्र करके पोस्ट लिखी गई है,
इसके अलावा भी बहुत कुछ खूबियों की जानकारी है मगर वो सार्वजनिक तौर पर नहीँ दर्शायी जा सकती है,
बस पोस्ट में लिखी बातों व कांगियो की मक्कारी से ही आप समझ लीजिए,
कि इन सभी हालातों में जब देश महाशक्तिशाली भारत बनने से सिर्फ एक कदम दूर है,
इस मोड़ पर आए इस चुनावी दरिया में नरेंद्र मोदी की जीत कितनी जरूरी है देश की सेनाओं व देश के उज्जवल भविष्य के लिए,
बाकी आप सभी समझदार हैं,
समझिए वक्त बहुत खतरनाक मोड़ पर चुनाव ले आया है,
देश के बहुत से महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट्स अपने अंतिम चरण में है,
इन्हें सिर्फ मोदीजी ही पूरा करवा सकते हैं,
क्योकि मोदीजी दुनियाभर के ताकतवर देशों से भी नही डरते हैं,
वो भारत को महाशक्तिशाली देश बनाने के लिए प्रतिबद्ध है,
आओ देशवासियों दुनिया में भारत को महाशक्तिशाली ताकत बनाने के लिए नरेंद्र मोदी चुनें,
आओ भारत का ताकतवर उज्जवल भविष्य चुनें
दिए गए फोटो से समझिए,
ये काली 5000 अंतरिक्ष में उड़ती कोई भी चीज,मिसाइल,हवाई जहाज,रॉकेट,हेलीकॉप्टर, सेटेलाइट सब कुछ कुछेक सेकंड में ही एक लेजर बीम से ही उड़ा देगी,
काली 5000 लेजर टेक्नोलॉजी समुद्र में युद्धपोतों,डिस्ट्रॉयड पोत,परमाणु पनडुब्बियों,सभी प्रकार के जहाजों को भी मार गिराने के लिए विकसित की गई है,
ये काली 5000 लेजर प्रोजेक्ट्स भारत को आकाश में महाविजेता देश बना देगी,,
कोई भी परमाणु हथियारों, मिसाइलों का हमला भारत पर करना नामुमकिन हो जाएगा,
ये इतनी शक्तिशाली हथियार है,
हमें इस हथियार के प्रोजेक्ट्स को पूरा करवाने के लिए देश की सत्ता मोदीजी कब हाथों में ही रखनी होगी,
आओ 100%मतदान की कोशिश करें,
एक एक वोट इस बार बहुमूल्य है,
अपने वोट की ताकत से भारत को महाशक्तिशाली देश बनाएं,
अब सब कुछ हमारे एक वोट पर निर्भर करेगा कि देश महाशक्तिशाली बनेगा,
या कांगियो गांधीयो के हाथों बर्बाद होगा,
वोट आपका फैसला आपका,
आओ वोट की ताकत से भारत को महाशक्ति बनाएं,
वीटो पॉवर की भीख नहीँ लेंगे,
हम अपने दम पर वीटो पॉवर देश बनेंगे,
जैसे 2002से अमेरिका ने मोदी के वीजा देने पर बैन लगाया,
2002से2014तक मोदीजी ने कभी अमेरिका का वीजा नहीँ मांगा,
और फिर2014में प्रधानमंत्री बनकर खुद अमेरिका को वीजा देने पर मजबूर कर दिया,
ठीक उसी तरह मोदीजी 5वीटो पॉवर देशों को भारत को वीटो पॉवर देने के लिए मजबूर कर देंगे,
ये मेरी भविष्यवाणी है,
दुनिया का महान ताकतवर नेता आज भारत के पास है नरेंद्र मोदी के रूप में,
आओ मोदी चुनें देशवासियों,
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